HNLU नवा रायपुर में साइबर जागृति अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम, मंत्री गजेंद्र यादव ने युवाओं को बताए साइबर ठगी से बचने के उपाय

रायपुर, 25 सितम्बर। साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों के बीच आमजन, विशेषकर युवाओं और विद्यार्थियों को डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ पुलिस के साइबर जागृति अभियान के तहत 24 सितंबर को हिदायतुल्लाह नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी (HNLU), नवा रायपुर में साइबर जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा, ग्रामोद्योग, विधि एवं विधायी कार्य मंत्री गजेंद्र यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
मंत्री गजेंद्र यादव ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए कहा कि डिजिटल तकनीक के बढ़ते उपयोग के साथ साइबर अपराधों की चुनौतियां भी बढ़ रही हैं। ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति को ऑनलाइन गतिविधियों के दौरान सतर्कता और सावधानी बरतने की आवश्यकता है। उन्होंने युवाओं से सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने और साइबर अपराधों के प्रति स्वयं जागरूक रहने के साथ-साथ अपने परिवार और आसपास के लोगों को भी जागरूक करने की अपील की।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों को ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, फर्जी लिंक, ओटीपी फ्रॉड, यूपीआई फ्रॉड, सोशल मीडिया के माध्यम से होने वाली ठगी, फर्जी निवेश योजनाओं, डिजिटल अरेस्ट, साइबर ब्लैकमेलिंग, फर्जी नौकरी और लोन के नाम पर होने वाले साइबर अपराधों की जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों को इन अपराधों से बचाव के व्यावहारिक उपाय भी बताए।
विद्यार्थियों को समझाइश दी गई कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, PIN, CVV, पासवर्ड, बैंक खाते से जुड़ी जानकारी और व्यक्तिगत दस्तावेज साझा न करें। अनजान या संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने तथा अपरिचित एप्लीकेशन डाउनलोड करने से बचने की सलाह दी गई। सोशल मीडिया पर भी अपरिचित लोगों के साथ संवेदनशील व्यक्तिगत जानकारी साझा नहीं करने के लिए जागरूक किया गया।

कार्यक्रम के दौरान साइबर ठगी का शिकार होने की स्थिति में तत्काल कार्रवाई करने पर विशेष जोर दिया गया। पुलिस ने बताया कि यदि किसी व्यक्ति के साथ ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी होती है तो वह बिना देरी किए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराए। इसके साथ ही संबंधित साइबर पोर्टल अथवा नजदीकी पुलिस थाने में भी शिकायत की जा सकती है। समय पर शिकायत करने से ठगी की रकम को रोकने और नुकसान कम करने में मदद मिल सकती है।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि साइबर सुरक्षा केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। जागरूकता, सतर्कता और समय पर शिकायत साइबर अपराध से होने वाले आर्थिक और व्यक्तिगत नुकसान को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
कार्यक्रम में रायपुर ग्रामीण पुलिस अधीक्षक श्वेता श्रीवास्तव, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण संदीप मित्तल, HNLU के वाइस चांसलर व्ही. सी. विवेकानंद, रजिस्ट्रार दीपक श्रीवास्तव, रक्षित निरीक्षक वैभव मिश्रा, निरीक्षक प्रेम प्रकाश अवधिया, रायपुर साइबर रेंज के निरीक्षक महेश साहू सहित पुलिस विभाग के अधिकारी, विश्वविद्यालय के शिक्षक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को सुरक्षित, सतर्क और जिम्मेदार डिजिटल नागरिक बनाने के साथ साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए व्यापक जन-जागरूकता बढ़ाना रहा।




