बहनों के सम्मान और सशक्तिकरण से बनेगा विकसित छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री साय

केरसई में रक्षाबंधन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने बहनों से किया संवाद, 84.69 लाख के विकास कार्यों का लोकार्पण-भूमिपूजन और कई नई घोषणाएं
रायपुर, 27 अगस्त। रक्षाबंधन के अवसर पर जशपुर जिले के फरसाबहार विकासखंड के ग्राम केरसई में आयोजित ‘रक्षाबंधन एवं बहनों से संवाद’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि माताओं और बहनों का सम्मान, सशक्तिकरण और खुशहाली ही विकसित छत्तीसगढ़ की मजबूत नींव है। कार्यक्रम में क्षेत्र की बहनों ने मुख्यमंत्री को राखी बांधी। बहनों के स्नेह से अभिभूत मुख्यमंत्री ने कहा कि उनका सम्मान, सुरक्षा और खुशहाली सुनिश्चित करना उनकी जिम्मेदारी है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के स्नेह का पर्व नहीं, बल्कि विश्वास, सम्मान और सुरक्षा के संकल्प का भी पर्व है। बहनों का स्नेह और आशीर्वाद उनके लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि बहनों ने उन्हें जो विश्वास दिया है, उसे बनाए रखना उनका दायित्व है। सरकार का प्रयास है कि विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और प्रदेश की जनता का सिर हमेशा ऊंचा रहे।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने केरसई क्षेत्र के लिए कई विकास कार्यों की घोषणा की। उन्होंने घासीमुंडा में जर्जर प्राथमिक शाला के स्थान पर नया शाला भवन बनाने, केरसई तालाब का सौंदर्यीकरण कराने और केरसई में मिनी स्टेडियम बनाने की घोषणा की। इसके अलावा केरसई एवं घासीमुंडा के बजरंग बली मंदिरों के जीर्णोद्धार, मुख्य मार्ग से अरुण के घर तक सीसी सड़क निर्माण, ग्राम पंचायत कोहपानी के गढ़वामुड़ा यादव बस्ती में सामुदायिक भवन, घासीमुंडा में सामुदायिक भवन तथा ग्राम ऊपरकछार में महतारी सदन निर्माण की भी घोषणा की गई।
मुख्यमंत्री ने केरसई में लगभग 84.69 लाख रुपए के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क, पुल-पुलिया, स्कूल और सामुदायिक भवन सहित आवश्यक अधोसंरचनाओं का तेजी से विस्तार कर रही है। ग्रामीण क्षेत्रों की जरूरतों को विकास कार्यों में प्राथमिकता दी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने महिला सशक्तिकरण के लिए सरकार द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि प्रदेश में 13 लाख 85 हजार से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं। स्व-सहायता समूहों से जुड़कर महिलाएं परिवार के साथ-साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती दे रही हैं। उन्होंने कहा कि महतारी वंदन योजना के माध्यम से प्रदेश की लगभग 68 लाख बहनों को हर महीने आर्थिक सहायता दी जा रही है। इससे महिलाओं को अपनी जरूरतों, बच्चों की पढ़ाई और आजीविका संबंधी गतिविधियों के लिए आर्थिक संबल मिल रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ की महिलाएं आधुनिक तकनीक के क्षेत्र में भी आगे बढ़ रही हैं। ड्रोन दीदियों के माध्यम से महिलाओं को आय के नए अवसर मिल रहे हैं। जशपुर जिले की बहनों को 50 ई-रिक्शा दिए जाने से स्वरोजगार और आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने कहा कि सरकार किसानों, गरीबों और जरूरतमंद परिवारों के हित में लगातार काम कर रही है। प्रदेश में किसानों से 3,100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की जा रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से पात्र गरीब परिवारों को पक्के मकान उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने श्री रामलला दर्शन योजना और मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इन योजनाओं से प्रदेशवासियों को धार्मिक एवं तीर्थ स्थलों के दर्शन का अवसर मिल रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले ढाई वर्षों में नक्सलवाद के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई से प्रदेश के दूरस्थ और प्रभावित क्षेत्रों में विकास को नई गति मिली है। अब ऐसे क्षेत्रों में बिजली, पानी, सड़क, राशन और दूरसंचार जैसी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार तेजी से किया जा रहा है। सरकार सुरक्षा के साथ विकास को भी प्राथमिकता दे रही है।
मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों को मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 की जानकारी देते हुए कहा कि नागरिक अपनी समस्याएं और शिकायतें सीधे दर्ज करा सकते हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री बिजली बिल राहत योजना का लाभ लेने तथा प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत घरों में सौर पैनल लगवाने का भी आग्रह किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जशपुर जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मेडिकल कॉलेज, एमसीएच यूनिट, फिजियोथेरेपी, नर्सिंग और स्वास्थ्य शिक्षा से जुड़ी सुविधाओं के विस्तार से जिले के लोगों को बेहतर चिकित्सा सेवाएं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।
पत्थलगांव विधायक गोमती साय ने मुख्यमंत्री को पूरे प्रदेश की बहनों का ‘विष्णु भैया’ बताते हुए रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री अपने व्यस्त कार्यक्रम के बीच बहनों के बीच पहुंचकर राखी बंधवा रहे हैं, जो उनके आत्मीय संबंध को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में क्षेत्र की वर्षों पुरानी मांगें पूरी हो रही हैं और जशपुर विकास के पथ पर आगे बढ़ रहा है।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को लाभान्वित किया। सुकन्या समृद्धि योजना के तहत बालिका आयुषी को पासबुक प्रदान की गई। स्वामित्व योजना के तहत कौशल्या पैंकरा, कमला बाई, लालो, ज्योति बाई और सुमेत्रा खैरवार को आवासीय पट्टे वितरित किए गए। वहीं सरस्वती स्व-सहायता समूह को एक लाख रुपए का चेक प्रदान किया गया। मुख्यमंत्री ने समूह की महिलाओं से संवाद कर उन्हें आर्थिक गतिविधियों को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया।
कार्यक्रम में पत्थलगांव विधायक गोमती साय, कलेक्टर रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक कुमार सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी, स्व-सहायता समूहों की महिलाएं और बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।




