Chhattisgarh

SECL का हॉस्पिटल मैनेजमेंट सिस्टम अब कोल इंडिया में होगा लागू, 2.2 लाख से अधिक कर्मचारियों को मिलेगा लाभ

बिलासपुर, 22 सितंबर 2026। साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (SECL) में विकसित हॉस्पिटल मैनेजमेंट इन्फॉर्मेशन सिस्टम (HMIS) का अब कोल इंडिया स्तर पर विस्तार किया जाएगा। एसईसीएल द्वारा विकसित इस डिजिटल स्वास्थ्य प्रबंधन प्रणाली को आधार बनाकर कोल इंडिया के लिए एकीकृत हॉस्पिटल मैनेजमेंट सिस्टम तैयार करने की दिशा में काम शुरू किया गया है। इसके लागू होने से कोल इंडिया की विभिन्न अनुषंगी कंपनियों में कार्यरत 2.2 लाख से अधिक कर्मचारियों को लाभ मिलने की उम्मीद है।

एसईसीएल में एचएमआईएस की शुरुआत 27 मई 2026 को केंद्रीय कोयला एवं खान राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने की थी। इस प्रणाली का उद्देश्य अस्पतालों में मरीजों से संबंधित चिकित्सा अभिलेखों को डिजिटल रूप से सुरक्षित रखने के साथ स्वास्थ्य सेवाओं और अस्पताल प्रबंधन से जुड़ी प्रक्रियाओं को अधिक व्यवस्थित एवं पारदर्शी बनाना है।

पंजीयन से उपचार तक सभी जानकारी डिजिटल

एचएमआईएस के माध्यम से मरीज के पंजीयन, चिकित्सकीय परामर्श, उपचार और दवाओं से संबंधित जानकारी डिजिटल रूप से दर्ज की जा सकती है। इससे मरीज की मेडिकल हिस्ट्री व्यवस्थित रूप से उपलब्ध रहती है और आवश्यकता पड़ने पर पुराने चिकित्सा अभिलेखों को आसानी से देखा जा सकता है।

सिस्टम में चिकित्सा प्रतिपूर्ति दावों की ऑनलाइन प्रक्रिया के साथ अमृत औषधि केंद्र और दवा प्रबंधन से जुड़ी व्यवस्थाओं को भी शामिल किया गया है। इससे कागजी कार्यवाही कम करने, रिकॉर्ड के बेहतर प्रबंधन और अस्पताल की विभिन्न प्रक्रियाओं की निगरानी में मदद मिलेगी।

विजिलेंस विभाग के मार्गदर्शन में विकसित हुआ सिस्टम

एसईसीएल के विजिलेंस विभाग की इस पहल को विकसित करने और आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका रही है। विभाग के मार्गदर्शन में स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित प्रक्रियाओं में डिजिटल माध्यम से पारदर्शिता, जवाबदेही और प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करने की दिशा में कार्य किया गया।

एसईसीएल में विकसित एचएमआईएस की उपयोगिता को देखते हुए अब इसे कोल इंडिया स्तर पर विस्तार देने की तैयारी की जा रही है। इसके जरिए विभिन्न अनुषंगी कंपनियों के अस्पतालों को साझा डिजिटल व्यवस्था से जोड़ने की दिशा में कदम आगे बढ़ाया जाएगा।

चिकित्सा सेवाओं में आएगी एकरूपता

एसईसीएल के मुख्य सतर्कता अधिकारी हिमांशु जैन ने कहा कि एचएमआईएस के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी प्रक्रियाओं को डिजिटल रूप से व्यवस्थित करने का प्रयास किया गया है। इससे चिकित्सा अभिलेखों के बेहतर प्रबंधन, प्रक्रियाओं की निगरानी और जवाबदेही को मजबूत करने में सहायता मिलेगी। एसईसीएल में विकसित इस व्यवस्था का कोल इंडिया स्तर पर विस्तार इस पहल को आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

कोल इंडिया स्तर पर एचएमआईएस लागू होने से विभिन्न अस्पतालों में चिकित्सा अभिलेखों के डिजिटलीकरण, प्रक्रियाओं में एकरूपता, बेहतर निगरानी और अस्पताल प्रबंधन में डिजिटल समन्वय को बढ़ावा मिलेगा। इससे कर्मचारियों को स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी प्रक्रियाओं में अधिक व्यवस्थित और डिजिटल सुविधा मिलने की दिशा में महत्वपूर्ण बदलाव की उम्मीद है।

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