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Ajay Devgn: अजय देवगन के जुहू बंगले पर BMC की कार्रवाई, बिना अनुमति किए गए निर्माण पर चला बुलडोजर

Ajay Devgn: मुंबई। बॉलीवुड एक्टर अजय देवगन के जुहू स्थित बंगले पर मुंबई महानगरपालिका (BMC) ने कार्रवाई की है। बंगले के अंदर बिना अनुमति के किए जा रहे निर्माण कार्य को लेकर नगर निगम ने कुछ हिस्सों को तोड़ दिया है। बताया जा रहा है कि निर्माण कार्य रोकने और जरूरी दस्तावेज जमा करने का नोटिस जारी होने के बावजूद काम जारी था। इसके बाद BMC ने तोड़फोड़ की कार्रवाई की।नोटिस के बाद भी जारी था निर्माण कार्य जानकारी के मुताबिक, अजय देवगन का यह बंगला मुंबई के जुहू इलाके में स्थित कपोल को-ऑपरेटिव हाउसिंग सोसाइटी में है। करीब 7,802 वर्ग फीट क्षेत्र में फैली इस संपत्ति को देवगन परिवार ने अगस्त 2026 में फ्लोरियन ह्यूरेल सैलून प्राइवेट लिमिटेड को पांच साल के लिए लीज पर दिया था। इसके लिए 10.61 करोड़ रुपये का लीज एग्रीमेंट हुआ था, जबकि शुरुआती मासिक किराया 16 लाख रुपये तय किया गया था।

बताया जा रहा है कि बंगले का इस्तेमाल सैलून और व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किए जाने की तैयारी थी। इसके लिए परिसर के अंदर दीवारों, खिड़कियों और अन्य हिस्सों में बदलाव किए जा रहे थे। आरोप है कि इन कामों के लिए BMC के बिल्डिंग प्रपोजल विभाग से आवश्यक मंजूरी नहीं ली गई थी। BMC ने जारी किया था नोटिस नगर निगम ने मुंबई महानगरपालिका अधिनियम की धारा 354A के तहत नोटिस जारी कर निर्माण कार्य रोकने और जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे। नोटिस में बिना अनुमति किए जा रहे निर्माण का उल्लेख किया गया था। इसके बावजूद काम जारी रहने की बात सामने आने के बाद BMC ने बंगले के कुछ हिस्सों को तोड़ दिया।

बंगले को लीज पर देने पर सोसाइटी को नहीं था एतराज इस मामले में कपोल को-ऑपरेटिव हाउसिंग सोसाइटी की भूमिका भी सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक, देवगन परिवार ने बंगले को फ्लोरियन ह्यूरेल सैलून प्राइवेट लिमिटेड को लीज पर देने के लिए सोसाइटी से नो-ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) मांगा था। 22 जुलाई 2026 के एक पत्र में सोसाइटी के तत्कालीन अधिकृत अधिकारी ने वीना वीरेंद्र देवगन और अजय देवगन को संपत्ति का सदस्य और कानूनी मालिक बताया था। साथ ही संपत्ति को लीज पर देने पर आपत्ति नहीं जताई गई थी।

कमर्शियल इस्तेमाल और बदलावों पर उठा सवाल हालांकि, सोसाइटी का कहना था कि NOC संपत्ति को लीज पर देने के लिए था। इसे आवासीय उपयोग से व्यावसायिक उपयोग में बदलने या संरचनात्मक और सर्विस से जुड़े बदलाव करने की स्पष्ट अनुमति नहीं दी गई थी। ऐसे में बंगले के भीतर किए जा रहे निर्माण कार्य की वैधता पर सवाल उठे। फिलहाल, उपलब्ध जानकारी के अनुसार BMC ने अनधिकृत निर्माण के कुछ हिस्सों को ध्वस्त किया है। मामले में अजय देवगन या संबंधित कंपनी की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आने की पुष्टि नहीं है।

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