दीपिका पादुकोण के फाउंडेशन और बिसलेरी की साझेदारी, छिंदवाड़ा के गांवों में मानसिक स्वास्थ्य सेवाएं होंगी मजबूत

छिंदवाड़ा,14 अप्रैल 2026। बॉलीवुड अभिनेत्री Deepika Padukone की संस्था The Live Love Laugh Foundation (LLL) ने Bisleri International के साथ तीन वर्ष की कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) साझेदारी की घोषणा की है। इस पहल का उद्देश्य मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाना है।

छिंदवाड़ा के सौसर ब्लॉक में जनवरी 2023 में शुरू हुआ यह रूरल कम्युनिटी मेंटल हेल्थ प्रोग्राम पहले 60 गांवों तक सीमित था, जो अब बढ़कर 134 गांवों तक पहुंच चुका है। इससे अब तक 1,595 लोगों को लाभ मिल चुका है। वर्ष 2026 में इस योजना का विस्तार बिछुआ ब्लॉक तक किया गया है, जहां 42 नए गांव जोड़े गए हैं और लगभग 200 मानसिक रूप से प्रभावित लोगों को सहायता प्रदान की जा रही है।
बिसलेरी इंटरनेशनल के सहयोग से इस कार्यक्रम की पहुंच और प्रभाव को और मजबूत किया जाएगा। साथ ही, एक स्थायी प्रणाली विकसित की जाएगी, जिससे स्थानीय समुदाय भविष्य में स्वयं इस पहल को संचालित कर सके।
बिसलेरी इंटरनेशनल की वाइस चेयरपर्सन जयंती चौहान ने कहा कि कंपनी का विश्वास है कि वास्तविक परिवर्तन तभी संभव है जब समाज को जागरूक कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाया जाए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण भारत में मानसिक स्वास्थ्य को अभी भी अपेक्षित महत्व नहीं मिल पाया है और इस दिशा में यह साझेदारी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
वहीं, फाउंडेशन की संस्थापक दीपिका पादुकोण ने कहा कि उनकी संस्था शुरू से ही मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और सुलभ व किफायती सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए कार्यरत है। उन्होंने इस साझेदारी को कार्यक्रम के विस्तार और स्थायित्व की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
उल्लेखनीय है कि The Live Love Laugh Foundation का रूरल मेंटल हेल्थ प्रोग्राम वर्तमान में कर्नाटक, ओडिशा, तमिलनाडु, केरल, मध्य प्रदेश और आंध्र प्रदेश के कई जिलों में संचालित हो रहा है। यह कार्यक्रम मानसिक रूप से बीमार व्यक्तियों और उनके देखभालकर्ताओं को सहायता प्रदान करता है, जिसमें जागरूकता, शीघ्र पहचान, उपचार तक पहुंच और सामुदायिक भागीदारी पर विशेष जोर दिया जाता है।
फाउंडेशन वर्ष 2015 से अब तक 8 राज्यों के 19 जिलों में 30 हजार से अधिक लोगों को इस पहल के माध्यम से लाभान्वित कर चुका है। इसके अलावा, “दोबारा पूछो” और “#NotAshamed” जैसे राष्ट्रीय स्तर के जागरूकता अभियान भी चलाए जा चुके हैं।




