समर्थन मूल्य की गारंटी से बदली किसान श्री देव गढ़वाल की ज़िंदगी, पारदर्शी और सुव्यवस्थित ढंग से धान खरीदी जारी

0 मेहनत, भरोसा और छत्तीसगढ़ शासन की किसान-हितैषी पहल की कहानी
जांजगीर-चांपा 28 जनवरी 2026/ खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में छत्तीसगढ़ शासन द्वारा लागू की गई पारदर्शी एवं तकनीक आधारित डिजिटल धान खरीदी व्यवस्था किसानों के लिए भरोसे, सुविधा और समय पर भुगतान की मजबूत पहचान बनकर उभरी है। इस व्यवस्था की जमीनी सफलता का उदाहरण जांजगीर जिले के भाठापारा निवासी किसान देव गढ़वाल हैं। उन्होंने कहा कि शासन की ओर से समय पर उत्तम बीज और खाद उपलब्ध होने से फसल अच्छी हुई और पैदावार भी बेहतर रही। उनकी मेहनत रंग लाई और उन्होंने उपार्जन केंद्र पेंड्री में कुल 65 क्विंटल धान का सफल विक्रय किया।
किसान देव गढ़वाल जब अपने धान से भरी ट्रॉली लेकर उपार्जन केंद्र पहुंचे, तो उनके चेहरे पर आत्मविश्वास और संतोष की स्पष्ट झलक दिखाई दे रही थी। केंद्र पर सुव्यवस्थित व्यवस्था, किसानों के प्रति सहयोगात्मक व्यवहार और बिना किसी समस्या के हो रही प्रक्रिया ने उन्हें सुखद अनुभूति कराई। इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन पर सही तौल, समय पर धान की खरीदी और पूरे परिसर में अनुशासन ने उन्हें यह भरोसा दिलाया कि उनकी मेहनत का पूरा सम्मान हो रहा है। टोकन व्यवस्था सरल होने के कारण उन्होंने सीधे केंद्र जाकर ऑफलाइन टोकन लिया और तय समय पर बिना किसी परेशानी के धान बेच दिया। खरीदी केंद्र में बारदाना, बैठने की व्यवस्था, माइक्रो एटीएम जैसी सुविधाओं ने किसानों को बड़ी राहत दी। उन्होंने बताया कि धान की राशि का उपयोग वे घरेलू जरूरतों की पूर्ति, बच्चों की शिक्षा, कृषि कार्यों के विस्तार तथा भविष्य की बचत की योजना बना रहे हैं। उनका कहना है कि त्वरित प्रक्रिया किसान के आत्मविश्वास को मजबूत करता है और आगे बेहतर खेती के लिए प्रेरित करता है।
श्री गढ़वाल ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में हो रही धान खरीदी एवं किसान-हितैषी नीतियों ने उन्हें आर्थिक और मानसिक रूप से सशक्त किया है। बिना लाइन में लंबे इंतजार के, पूरी पारदर्शिता के साथ धान की खरीदी हो रही है और उचित मूल्य की गारंटी मिल रही है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।










