नासा की दिग्गज अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स रिटायर, 608 दिनों के ऐतिहासिक अंतरिक्ष करियर का समापन

नेशनल एरोनॉटिक्स एंड स्पेस एडमिनिस्ट्रेशन (NASA) की मशहूर अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स ने आधिकारिक तौर पर रिटायरमेंट की घोषणा कर दी है। एजेंसी ने मंगलवार को पुष्टि की कि उनका रिटायरमेंट 31 दिसंबर 2025 से प्रभावी होगा। इसके साथ ही अंतरिक्ष में 608 दिनों से अधिक समय बिताने वाले उनके असाधारण करियर का अंत हो गया। 60 वर्षीय पूर्व नेवी कैप्टन सुनीता विलियम्स को उनके रिकॉर्ड-ब्रेकिंग स्पेस वॉक, कठिन परिस्थितियों में धैर्य और इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) पर लंबे मिशनों के लिए जाना जाता है।
सुनीता विलियम्स हाल के वर्षों में बोइंग के स्टारलाइनर मिशन से जुड़ी चुनौतियों के कारण भी चर्चा में रहीं। जून 2024 में उन्होंने साथी अंतरिक्ष यात्री बैरी “बुच” विल्मोर के साथ बोइंग के पहले क्रू वाले स्टारलाइनर कैप्सूल में उड़ान भरी थी। यह मिशन मूल रूप से केवल आठ दिनों की टेस्ट फ्लाइट के लिए तय किया गया था, लेकिन तकनीकी खामियों—खासकर थ्रस्टर में खराबी और हीलियम लीक—के चलते अंतरिक्ष यान को वापस लाने में देरी हुई। इसके कारण दोनों अंतरिक्ष यात्री नौ महीने से अधिक समय तक ISS पर फंसे रहे।
जहां बैरी विल्मोर पिछले वर्ष गर्मियों में नासा से अलग हो गए, वहीं सुनीता विलियम्स ने मार्च 2025 तक धैर्य बनाए रखा और अंततः स्पेसएक्स के क्रू ड्रैगन यान के जरिए पृथ्वी पर सुरक्षित वापसी की। यह वापसी नासा की बैकअप रणनीतियों और विभिन्न कमर्शियल स्पेस प्रोवाइडर्स के बीच तालमेल का अहम उदाहरण बनी।
नासा के साथ 27 वर्षों से अधिक के करियर में सुनीता विलियम्स ने तीन इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन मिशन पूरे किए। उन्होंने ऑर्बिट में कुल 608 दिन बिताए, जो उनके साहस और सहनशक्ति का प्रतीक है। उनके नाम महिलाओं में सबसे अधिक स्पेस वॉक करने का रिकॉर्ड भी दर्ज है। उन्होंने नौ बार स्पेस वॉक की और कुल 62 घंटे खुले अंतरिक्ष में काम किया। इस दौरान उन्होंने सोलर पैनलों की मरम्मत, वैज्ञानिक प्रयोगों में बदलाव और स्टेशन के संचालन से जुड़े कई अहम कार्य किए।
टेस्ट पायलट के रूप में नेवी में उनके अनुभव ने कठिन परिस्थितियों में भी उन्हें शांत और निर्णायक बनाए रखा। नए नासा एडमिनिस्ट्रेटर जेरेड आइज़ैकमेन ने उन्हें “इंसानी स्पेसफ्लाइट की अग्रणी” बताते हुए उनके रिटायरमेंट को पूरी तरह से заслужित करार दिया।
सुनीता विलियम्स का रिटायरमेंट नासा के पोस्ट-शटल युग के एक महत्वपूर्ण अध्याय के समापन के रूप में देखा जा रहा है। उनका करियर यह दिखाता है कि कमर्शियल क्रू कार्यक्रमों के साथ आने वाले जोखिमों के बावजूद दृढ़ता और समर्पण से अंतरिक्ष अन्वेषण को आगे बढ़ाया जा सकता है। उनकी कहानी आने वाली पीढ़ियों के अंतरिक्ष यात्रियों के लिए प्रेरणा है, जो यह साबित करती है कि पृथ्वी से 250 मील ऊपर लंबे समय तक रहने की चुनौतियां भी एक सच्चे पायनियर की भावना को कमजोर नहीं कर सकतीं।
जैसे-जैसे बोइंग स्टारलाइनर को भविष्य के मिशनों के लिए बेहतर बनाया जा रहा है, सुनीता विलियम्स का योगदान यह सुनिश्चित करेगा कि उनके बाद अंतरिक्ष में जाने वाले यात्रियों के लिए रास्ता और अधिक सुरक्षित तथा मजबूत हो।










