जांजगीर में ‘तारुण्य वार्ता’ कार्यशाला आयोजित, पीरियड फ्रेंडली छत्तीसगढ़ का लिया संकल्प
जांजगीर-चांपा। विश्व मासिक धर्म स्वच्छता दिवस के अवसर पर आकांक्षा आवासीय विद्यालय जांजगीर में ‘तारुण्य वार्ता : पीरियड फ्रेंडली छत्तीसगढ़’ कार्यशाला का आयोजन किया गया। भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ जिला जांजगीर-चांपा और यूनिसेफ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में 159 स्काउट्स-गाइड्स और 30 से अधिक लीडर्स ने भाग लिया।
कार्यक्रम के दौरान मानव श्रृंखला, प्रश्नोत्तरी, योग सत्र और माहवारी स्वच्छता पर चर्चा आयोजित की गई। आयोजन का उद्देश्य किशोरियों में स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाना और माहवारी से जुड़ी सामाजिक वर्जनाओं को तोड़ना था। कार्यक्रम में युवाओं ने खुलकर पीरियड्स और स्वच्छता से जुड़े विषयों पर अपने विचार साझा किए।
राज्य उपाध्यक्ष कार्तिकेश्वर स्वर्णकार और जिला मुख्य आयुक्त हितेश यादव ने युवाओं की सक्रिय भागीदारी की सराहना की। वहीं जिला शिक्षा अधिकारी अशोक कुमार सिन्हा, लायंस क्लब के सचिव डॉ. बी.के. पैगवार और एडीएओ रमेश तिवारी ने भी मार्गदर्शन दिया। पूरे अभियान का संयोजन डीओसी गाइड श्वेता जायसवाल के नेतृत्व में किया गया।

कार्यशाला में एमडी पीडियाट्रिक्स डॉ. नेहा गुलाबानी ने किशोरियों को माहवारी के दौरान स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी जरूरी जानकारी दी। उन्होंने सैनिटरी पैड और मेंस्ट्रुअल कप के सही उपयोग के साथ संक्रमण से बचाव के उपायों पर विस्तार से चर्चा की।
समाजसेवी एवं लेखिका कु. काजल कसेर ने प्लास्टिक युक्त पैड्स के दुष्प्रभावों पर जागरूक करते हुए सूती और बायोडिग्रेडेबल पैड्स अपनाने का संदेश दिया। कार्यक्रम में प्रश्नोत्तर सत्र के माध्यम से किशोरियों की शंकाओं का समाधान भी किया गया।
कार्यक्रम का विशेष आकर्षण पतंजलि महिला योग समिति द्वारा आयोजित योग प्रशिक्षण सत्र रहा। श्रीमती प्रतिमा साहू और श्रीमती चंद्रकिरण सोनी ने किशोरियों को ऐसे योगासन सिखाए, जो माहवारी के दौरान दर्द और तनाव कम करने में सहायक होते हैं।
कार्यक्रम में स्काउट्स-गाइड्स, रोवर्स, रेंजर्स और बड़ी संख्या में वालंटियर्स मौजूद रहे।




