Chhattisgarh

जांजगीर चांपा पुलिस ने SBI बैंक से 2.5 लाख रुपये लूट का किया खुलासा, अंतरराज्यीय लूट गिरोह के दो आरोपी बिहार से गिरफ्तार

जांजगीर-चांपा, 19 फरवरी 2026। जांजगीर-चांपा पुलिस ने अंतरराज्यीय लूट एवं उठाईगिरी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए बिहार के कटिहार निवासी दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह खुलासा पुलिस ने आज पुलिस अधीक्षक ने प्रेस वार्ता में किया है। गिरफ्तार आरोपियों ने छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों में सात वारदातों को अंजाम देना स्वीकार किया है। इन घटनाओं में कुल 9 लाख 83 हजार रुपये की लूट की गई थी। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त दो मोटरसाइकिल, फर्जी आधार कार्ड, मोबाइल फोन, केंवाच पाउडर और नकदी बरामद की है। मामले के दो अन्य मुख्य आरोपी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है।

गिरफ्तार आरोपियों में दीपक यादव (36 वर्ष) और अविनाश उर्फ सनी कुमार यादव (28 वर्ष), दोनों निवासी नया टोला जोराबगंज, थाना कोढ़ा, जिला कटिहार (बिहार) शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी बैंक से बड़ी रकम निकालने वाले बुजुर्गों और महिलाओं की रेकी करते थे और मौका पाकर उनका पीछा कर लूट की वारदात को अंजाम देते थे। प्रार्थी को गुमराह करने के लिए केंवाच पाउडर (खुजली पाउडर) का भी इस्तेमाल करते थे।

मामला 13 फरवरी 2026 का है, जब ग्राम धरदेई निवासी प्रार्थी पामगढ़ स्थित एसबीआई बैंक से 2.5 लाख रुपये निकालकर अपने गांव लौट रहा था। आरोपी मोटरसाइकिल से उसका पीछा करते हुए धरदेई पहुंचे और मौका पाकर उससे 2.5 लाख रुपये लूटकर फरार हो गए। प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना शिवरीनारायण में अपराध क्रमांक 61/2026 धारा 309 (1) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।

दिनदहाड़े हुई इस वारदात को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय के निर्देश पर साइबर टीम ने जांच शुरू की। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कुमार कश्यप और उप पुलिस अधीक्षक योगिताबाली खापर्डे के नेतृत्व में टीम ने घटनास्थल से लेकर संभावित भागने के मार्गों के 150 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले। जांच में एक संदिग्ध मोटरसाइकिल जांजगीर से बिलासपुर की ओर जाती दिखाई दी। तकनीकी विश्लेषण के आधार पर आरोपियों के बिहार से जुड़े होने की जानकारी मिली।

साइबर टीम ने बिलासपुर के सैकड़ों होटल, लॉज और धर्मशालाओं की जांच की। पुराना बस स्टैंड क्षेत्र स्थित एक लॉज में बिहार के दो संदिग्ध व्यक्तियों के ठहरने की जानकारी मिली। पुलिस टीम ने ग्राहक बनकर कमरे की जांच की और मौके पर दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। सख्ती से पूछताछ करने पर आरोपियों ने जांजगीर-चांपा के धरदेई गांव सहित राज्य के अन्य जिलों में लूट की वारदातें करना स्वीकार किया।

जांच में खुलासा हुआ कि गिरोह ने 4 दिसंबर 2025 को अंबिकापुर कोतवाली (सरगुजा) में 2 लाख रुपये, 16 दिसंबर 2025 और 12 जनवरी 2026 को रायगढ़ जिले के खरसिया क्षेत्र में क्रमशः 1 लाख और 2 लाख रुपये, 13 जनवरी 2026 को सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में 60 हजार रुपये, 16 जनवरी 2026 को गांधी नगर थाना क्षेत्र अंबिकापुर में 88 हजार रुपये तथा 16 फरवरी 2026 को कोरबा जिले के कटघोरा क्षेत्र में 85 हजार रुपये की लूट की वारदात को अंजाम दिया था।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से पल्सर (सीजी 07 सीडी 1988) और ग्लैमर (सीजी 10 एके 1805) मोटरसाइकिल जब्त की हैं। जांच में सामने आया कि दोनों वाहन बिहार से चोरी किए गए थे और उन पर फर्जी छत्तीसगढ़ नंबर प्लेट लगाई गई थी। इसके अलावा चार फर्जी आधार कार्ड, तीन कीपैड मोबाइल फोन, केंवाच पाउडर और 10,500 रुपये नकद बरामद किए गए हैं। आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।

इस कार्रवाई में साइबर थाना जांजगीर-चांपा और थाना शिवरीनारायण की टीम की अहम भूमिका रही। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि बैंक से बड़ी राशि निकालने की जानकारी अनजान लोगों को न दें, संभव हो तो ऑनलाइन ट्रांसफर का उपयोग करें, बड़ी रकम निकालते समय विश्वसनीय व्यक्ति को साथ रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत पुलिस को सूचना दें।

Related Articles

Back to top button