कोरिया में भाजपा नेता भरत सिंह की कार में जलकर मौत, विवाद के बाद आगजनी की आशंका; इलाके में तनाव

कोरिया। जिले के सोनहत थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम नौगई से एक बेहद दर्दनाक और सनसनीखेज घटना सामने आई है। मंगलवार और बुधवार की दरम्यानी रात हुई इस घटना में भाजपा नेता एवं पूर्व जनपद पंचायत उपाध्यक्ष भरत सिंह उर्फ लल्ला सिंह की कार के अंदर जलकर मौत हो गई। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक, आक्रोश और तनाव का माहौल है। पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए हर पहलू से जांच कर रही है।

जानकारी के अनुसार, देर रात करीब 12 बजे ग्राम नौगई में किसी विवाद के बाद हालात अचानक बिगड़ गए। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय सूत्रों के मुताबिक विवाद के दौरान भरत सिंह जिस फार्च्यूनर वाहन में मौजूद थे, उसमें आग लगा दी गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में पूरी गाड़ी आग की लपटों में घिर गई और देखते ही देखते जलकर खाक हो गई। वाहन के अंदर फंसे भरत सिंह गंभीर रूप से झुलस गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना में तीन अन्य लोग भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों में शिक्षक नागेंद्र सिंह का नाम भी शामिल है। उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। अन्य घायलों का उपचार भी जारी है और उनकी स्थिति पर चिकित्सकों की निगरानी बनी हुई है।
सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। दमकल कर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक वाहन पूरी तरह जल चुका था। घटनास्थल पर मौजूद एक अन्य वाहन में भी तोड़फोड़ के निशान पाए गए हैं। इससे आशंका जताई जा रही है कि विवाद के बाद मामला हिंसक रूप ले बैठा और आगजनी की घटना को अंजाम दिया गया।
प्रारंभिक स्तर पर इस पूरे मामले को रेत (बालू) से जुड़े विवाद से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि पुलिस ने अभी तक इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा किया जाएगा।
घटना की गंभीरता को देखते हुए सरगुजा रेंज के आईजी दीपक झा देर रात ही घटनास्थल पर पहुंचे और मौके का निरीक्षण किया। उन्होंने स्थानीय पुलिस अधिकारियों से पूरी जानकारी ली तथा जांच में तेजी लाने के निर्देश दिए। वहीं फॉरेंसिक एक्सपर्ट की टीम भी घटनास्थल पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है। जली हुई गाड़ी और आसपास के क्षेत्र से महत्वपूर्ण सबूत एकत्र किए जा रहे हैं, ताकि घटना की सच्चाई सामने लाई जा सके।
भरत सिंह उर्फ लल्ला सिंह क्षेत्र के प्रभावशाली भाजपा नेताओं में गिने जाते थे। वे पूर्व में जनपद पंचायत उपाध्यक्ष भी रह चुके थे और स्थानीय राजनीति में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती थी। उनकी मौत की खबर फैलते ही समर्थकों, भाजपा कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों में शोक की लहर दौड़ गई। बड़ी संख्या में लोग उनके निवास और घटनास्थल के आसपास पहुंचने लगे।
घटना के बाद गांव में तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति को रोका जा सके। अधिकारियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की जा रही है तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल पुलिस आगजनी, विवाद और भाजपा नेता भरत सिंह की मौत के पीछे की पूरी कहानी को सुलझाने में जुटी हुई है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि यह घटना दुर्घटना थी, सुनियोजित साजिश थी या फिर किसी विवाद का हिंसक परिणाम। पूरे जिले की नजर अब पुलिस जांच और उसके निष्कर्षों पर टिकी हुई है।





