KORBA : शराबी बेटे पर कार्रवाई से भड़की मां, बालकोनगर थाने में प्रशिक्षु थाना प्रभारी से मारपीट; गिरफ्तार

कोरबा, 10 अक्टूबर 2026। बालकोनगर थाना में शराब के नशे में वाहन चलाने के आरोपी बेटे के खिलाफ पुलिस कार्रवाई के दौरान उसकी मां ने जमकर हंगामा किया। आरोप है कि बेटे को पुलिस कार्रवाई से बचाकर जबरन थाना से ले जाने की कोशिश कर रही महिला ने पुलिसकर्मियों के साथ हुज्जतबाजी की और प्रशिक्षु थाना प्रभारी एसआई ईश्वरी राज के साथ मारपीट कर दी। महिला ने प्रशिक्षु थाना प्रभारी का दाहिना हाथ पकड़कर मरोड़ दिया, जिससे उनके अंगूठे और कलाई में चोट आई। घटना के बाद पुलिस ने महिला के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं और एट्रोसिटी एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, उसके बेटे अजय यादव के खिलाफ भी शराब के नशे में वाहन चलाने के मामले में कार्रवाई की गई है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, घटना 9 अक्टूबर 2026 की रात बालकोनगर थाना में हुई। उस समय प्रशिक्षु थाना प्रभारी ईश्वरी राज सहित थाने के अन्य कर्मचारी शासकीय कार्यों में व्यस्त थे। रात करीब 8 बजे गीता महंत, दुर्गा सिंह, पुष्पा पात्रे और ममता बाई पनिका शिकायत लेकर थाने पहुंचीं। उनके साथ सेक्टर-5 बालको निवासी अजय यादव भी अपनी हीरो स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल क्रमांक CG 12 BE 5946 से आया था।
गीता महंत ने पुलिस को बताया कि रात करीब 7:20 बजे परसाभांठा बाजार चौक के पास अजय यादव शराब के नशे में मोटरसाइकिल चला रहा था। इस दौरान वह उनके बेहद करीब से निकला। मोटरसाइकिल उनकी चुनरी से टकराई और बाइक उनके पैर पर चढ़ते-चढ़ते बची। इस पर उन्होंने अजय को वाहन देखकर चलाने की सलाह दी, लेकिन आरोप है कि उसने उनके साथ विवाद करते हुए अभद्र व्यवहार किया। इसके बाद महिलाएं मामले की शिकायत करने थाने पहुंचीं।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने अजय यादव की ब्रेथ एनालाइजर मशीन से जांच कराई। जांच में उसके शरीर में 169 मिलीग्राम प्रति 100 मिलीलीटर रक्त के बराबर अल्कोहल की मात्रा दर्ज होने की जानकारी दी गई। शराब के नशे में मोटरसाइकिल चलाने के आरोप में पुलिस उसके खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम की धारा 185 के तहत कार्रवाई कर रही थी।
इसी दौरान अजय यादव की मां रानी यादव थाने पहुंच गई। आरोप है कि उसने पुलिस कार्रवाई का विरोध करते हुए कहा कि उसके बेटे के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जा सकती और वह उसे अपने साथ लेकर जाएगी। पुलिस के अनुसार, जब कर्मचारियों ने उसे समझाया कि आवश्यक लिखा-पढ़ी पूरी होने के बाद ही बेटे को ले जाने की बात की जाए, तो वह आक्रामक हो गई और जोर-जोर से चिल्लाकर हंगामा करने लगी।
पुलिस का कहना है कि रानी यादव ने थाने में मौजूद कर्मचारियों और अन्य लोगों के सामने प्रशिक्षु थाना प्रभारी ईश्वरी राज को गाली दी और धमकाने लगी। समझाइश के दौरान उसने अचानक प्रशिक्षु थाना प्रभारी का दाहिना हाथ पकड़कर मरोड़ दिया। इससे उनके दाहिने अंगूठे में चोट आई और कलाई पर नाखून के निशान से चोट लगी। महिला पर थाने के अन्य कर्मचारियों से विवाद करने और शासकीय कार्य में बाधा डालने का भी आरोप है। हंगामे के कारण शिकायत लेकर पहुंची महिलाएं भी वापस लौट गईं।
घटना के संबंध में प्रशिक्षु थाना प्रभारी ईश्वरी राज ने स्वयं रिपोर्ट दर्ज कराई। उनकी शिकायत पर बालकोनगर पुलिस ने रानी यादव के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 121, 132, 221 और 296 के साथ एट्रोसिटी एक्ट के तहत अपराध दर्ज किया है। पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है और उसे न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई की जा रही है। वहीं, अजय यादव के खिलाफ शराब के नशे में वाहन चलाने के मामले में मोटर वाहन अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई है।
इस घटना ने एक बार फिर सवाल खड़ा किया है कि सड़क पर लापरवाही से वाहन चलाने और शिकायत पर पुलिस की वैधानिक कार्रवाई के दौरान कानून-व्यवस्था में बाधा डालना किस तरह स्थिति को गंभीर बना सकता है। पुलिस मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है।




