Chhattisgarh

हाईकोर्ट का बड़ा फैसला: अधिग्रहण और मुआवजा दिए बिना जमीन के उपयोग पर नहीं लगाई जा सकती रोक

बिलासपुर। हाईकोर्ट ने आदेश दिया है कि अधिग्रहण और मुआवजा दिए बिना भूमि के उपयोग पर रोक नहीं लगाई जा सकती। रायगढ़ जिले में कलेक्टर ने 4 फरवरी 2005 को रायगढ़-रेगपाली, रायगढ़-खरसिया, रायगढ़-सारंगढ़ और रायगढ़-धर्मजयगढ़ राष्ट्रीय राजमार्गों की सेंटर लाइन से 100 फीट के दायरे में आने वाली जमीनों के क्रय-विक्रय और निर्माण कार्य पर प्रतिबंध लगा दिया था।

मामले की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने इस आदेश को मनमाना बताते हुए याचिकाकर्ताओं को राहत दी है। राज्य शासन की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता ने पूर्व फैसले को अलग भूखंडों और अलग याचिकाकर्ताओं से संबंधित बताते हुए वर्तमान मामले में स्वतः लागू नहीं होने की दलील दी।

कोर्ट ने पाया कि कानूनी स्थिति पहले ही स्पष्ट की जा चुकी है। हालांकि, शासन की ओर से ऐसा कोई ठोस अंतर नहीं बताया जा सका, जिसके आधार पर वर्तमान मामले में अलग निष्कर्ष निकाला जाता।

पूर्व फैसले का दिया गया हवाला
हरिकृष्णा पटेल व अन्य याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता ने हाईकोर्ट की कोऑर्डिनेट बेंच के 3 फरवरी 2025 के फैसले का हवाला दिया। एकल पीठ ने कहा कि पूर्व में इसी आदेश के संबंध में हाईकोर्ट द्वारा कानूनी स्थिति स्पष्ट की जा चुकी है। वर्तमान मामले में उससे अलग दृष्टिकोण अपनाने के लिए कोई विशिष्ट आधार सामने नहीं आया है।

भूमिस्वामियों को मिली बड़ी राहत इस निर्णय से उन भूमिस्वामियों को राहत मिली है, जिनकी जमीन राष्ट्रीय राजमार्ग की सेंटर लाइन से 100 फीट के दायरे में होने के कारण लंबे समय से खरीद-बिक्री और निर्माण संबंधी प्रतिबंधों से प्रभावित थी।

Related Articles

Back to top button