सिंगरौली की मिडिल स्कूल चुरीपाठ का मामला: मिड डे का भोजन करने के बाद धोने पड़ते हैं बर्तन, प्रधानाचार्य बोले- मैंने समझा दिया है बच्चों से बर्तन न धुलवाए

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सिंगरौलीएक घंटा पहले

सिंगरौली जिले के शासकीय माध्यमिक स्कूल चुरीपाठ गांव के बच्चों को स्कूल में मिलने वाला मिड डे मील भोजन खाने के बर्तन खुद साफ करना पड़ रहा है। इस दौरान बच्चों के बीच आवारा कुत्ते घूमते देखे जा सकते हैं। मामले में स्कूल के प्रधानाचार्य तीरथ सिंह कहना है कि मैंने उन्हें समझा दिया है कि आप लोग बच्चों से बर्तन न धुलवाए। रसोइयों को वेतन बहुत कम मिलता है, जिस वजह से ये लोग बर्तन साफ करने को तैयार नहीं है। वहीं, स्कूल के छात्रों का कहना है कि यह कोई पहला मौका नहीं कि उन्हें बर्तन साफ करना पड़ रहे हैं, बल्कि वह जब से स्कूल में पढ़ रहे हैं। तभी से उन्हें अपने खाने के बर्तन स्कूल में धोना पड़ रहा है।

लापरवाही के शिकार स्कूल के बच्चे

यह हालात आज के नहीं है। इस दौरान शासकीय स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों का कहना है कि जब से वह स्कूल में पढ़ रहे हैं, उन्हें इसी तरीके से आवारा कुत्तों के बीच जमीन पर बैठा कर उन्हें मिड डे मील भोजन करना पड़ता है। इसके साथ ही उन्हें अपने बर्तन खुद ही धोने पड़ते हैं। ऐसे में क्या करें मजबूरी है कि मिड डे मील भोजन करना है तो बर्तन भी धोने पड़ेंगे।

जांच कराकर कार्यवाही की जाएगी: सहायक संचालक

इधर, शिक्षा विभाग के सहायक संचालक एसबी सिंह ने कहा कि आपके माध्यम से हमे जानकारी मिली है, मामले की जांच कराकर कार्यवाही की जाएगी।

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