विजयादशमी: तीर से नही जला तो पास जाकर मंत्री पटेल ने 55 फीट ऊंचे रावण के पुतले में लगाई आग

[ad_1]
- Hindi News
- Local
- Mp
- Harda
- If It Was Not Burnt By Arrows, Then Minister Patel Set Fire To The 55 Feet High Effigy Of Ravana.
हरदा2 घंटे पहले
हरदा।जिला मुख्यालय पर बुधवार शाम को नेहरू स्टेडियम पर असत्य पर सत्य की जीत का पर्व विजयदशमी उत्साह के साथ मनाया गया। शाम होते ही रावण पुतला दहन स्थल पर लोग सपरिवार पहुंचे। बुराई पर अच्छाई के प्रतीक विजयादशमी पर नगर पालिका परिषद ने नेहरू स्टेडियम में रावण दहन के कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
जिसमें रिमझिम बारिश की बूंदों के बीच अहंकार रूपी रावण का पुतला जलाया गया। शाम करीब 7 बजे से शुरू हुए कार्यक्रम में कृषि मंत्री कमल पटेल,भाजपा जिलाध्यक्ष अमरसिंह मीणा,नगर पालिका अध्यक्ष भारती कमेडिया,उपाध्यक्ष अंशुल गोयल,जिला पंचायत अध्यक्ष गजेंद्र शाह,उपाध्यक्ष दर्शनसिंह गहलोद,पूर्व विधायक डॉ आर के दोगनेसहित शहर के सभी वार्ड के पार्षद एवं जनप्रतिनिधि शामिल हुए।इस दौरान नेहरू स्टेडियम में भारी संख्या में लोग एकत्रित हुए।
कार्यक्रम में रामायण पाठ किया गया।इस दौरान भगवान राम,माता सीता भैया लक्ष्मण और भक्त हनुमान एवं वानर सेना के साथ पंहुचे जहां राम रावण की सेना के बीच युद्ध हुआ।भगवान श्रीराम ने तीर छोड़कर बुराई के प्रतीक रावण के पुतले का दहन किया।
कार्यक्रम का संचालन बसंत राजपूत ने किया।इस दौरान नगर पालिका प्रशासन ने शहर के विभिन्न समाजों के अध्यक्षों का सम्मान किया गया।
इस अवसर पर सम्बोधित करते हुए कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रदेश के कृषि मंत्री कमल पटेल ने कहा कि विजयदशमी की सार्थकता तभी पूरी होगी जब हम अपने अंदर की बुराइयों को दूर करने का प्रण ले।
हमने जिले के नागरिकों की समस्याओं को हल करने के जिले में आपकी समस्या का हल आपके घर अभियान के अंतर्गत जिलेवासियों को सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने में सफलता हासिल की है।
क्रोध से रावण की आंखे चमकती दिखाई दे रही थी। करीब पांच लाख रुपए की लागत से तैयार किए गए रावण के पुतले के दहन से पहले बारिश की बौछार की वजह से पटाखों में नमी आने से दहन के लिए तैयार किए गए तीर में लगाए रॉकेट रावण के पुतले तक नही पहुच पाए। जिसके बाद मंत्री पटेल खुद पुतले के पास पहुचे ओर उन्होंने पुतले में आग लगाई।इसके पहले मंत्री पटेल ने राम लक्ष्मण के रूप में आए छात्रों का तिलक लगाकर राम जी का पूजन किया।

















Source link