जिले में गर्ल गाइडिंग को मिले नए आयाम, बढ़ी भागीदारी…प्रथम नेशनल रोवर-रेंजर जम्बूरी में 55 बालिकाएं व 8 गाइडर्स की रही ऐतिहासिक सहभागिता

जांजगीर-चांपा। छत्तीसगढ़ में आयोजित प्रथम एवं ऐतिहासिक नेशनल रोवर-रेंजर जम्बूरी में जिले की बालिकाओं ने अभूतपूर्व सहभागिता दर्ज कराते हुए नया कीर्तिमान स्थापित किया। यह जम्बूरी स्कूल शिक्षा मंत्री एवं राज्याध्यक्ष भारत स्काउट्स एवं गाइड्स रेंजर टीम एवं गाइड दल तैयार करने की दिशा में ठोस आधार भी प्रदान किया है। जिले से कुल 115 रोवर्स, रेंजर्स, सीनियर स्काउट- गाइड तथा 21 लीडर्स ने जम्बूरी में सहभागिता निभाई, जिनमें 55 सीनियर गाइड्स व रेंजर्स तथा 8 महिला शामिल हुई ।
छत्तीसगढ़ गजेन्द्र यादव के आयुक्त इंदरजीत सिंह खालसा तथा राज्य सचिव जितेन्द्र साहू के मार्गदर्शन में संपन्न हुई। इस राष्ट्रीय स्तर के आयोजन ने जिले में गर्ल गाइडिंग को नई दिशा और पहचान दी है, साथ ही भविष्य की महिला लीडर्स शामिल रहीं। यह सहभागिता जिले में बालिकाओं की बढ़ती सक्रियता, नेतृत्व क्षमता और पाँच छात्राओं का चयन राज्यपाल गाइड्स के रूप में भी हुआ है, जो जिले के लिए गर्व का विषय है। छत्तीसगढ़ द्वारा पहली बार राष्ट्रीय रोवर-रेंजर जम्बूरी का सफल आयोजन कर इतिहास रचा गया।
कलेक्टर जन्मेजय महोबे के मार्गदर्शन में जम्बूरी टीम शामिल हो सकी वहीं राज्य उपाध्यक्ष कार्तिकेश्वर स्वर्णकार, जिला मुख्य आयुक्त हितेश यादव, जिला आयुक्त अशोक सिन्हा (डीईओ), जिला सचिव दीपक कुमार यादव, डीओसी स्काउट डॉ. सुरेन्द्र कुमार सोनी, जिला प्रशिक्षण आयुक्त पूरनलाल पटेल, डॉ. धनमत महंत, श्रीमती गौरी साहू का निरंतर मार्गदर्शन मिला।डीओसी गाइड तथा ओवायएमएस जिला
प्रभारी कु. श्वेता जायसवाल के नेतृत्व में गाइड्स की टीम ने प्रदर्शनी, सब-कैम्प फ्लैग सेरेमनी, पारंपरिक वेशभूषा में अतिथि स्वागत, सांस्कृतिक कार्यक्रम, पिणीला गेट, युवा संसद, एथनिक शो, ग्रैंड कैम्प फायर, मार्च पास्ट एवं एडवेंचर गतिविधियों में उल्लेखनीय सहभागिता निभाई। महिला सशक्तिकरण के नारी शक्ति पवेलियन का विशेष अवलोकन जिले की गाइड्स ने किया।
इनमें श्रीमती उमा महोबिया, श्रीमती दुर्गेश नंदनी राठौर, श्रीमती मधु पाण्डेय, श्रीमती वृंदा बिंझवार, श्रीमती काजल पाटले, श्रीमती विमला साहू, श्रीमती नंदनी यादव, गाइड कैप्टन श्रीमती प्रतिभा यादव एवं श्रीमती मंजूला पाण्डेय सहित सभी लीडर्स के मार्गदर्शन में यह प्रयास अत्यंत प्रेरणादायी रहा।
जिले में गर्ल गाइडिंग को और अधिक सशक्त बनाने के लिए विशेष कार्यक्रम तैयार किए जा रहे हैं। स्काउटिंग एक प्रभावी मंच है, जिसके माध्यम से बालिकाओं को रोड सेफ्टी, यातायात जागरूकता, आत्मरक्षा तथा विभिन्न स्काउटिंग कौशलों में दक्ष बनाया जा रहा है। प्रथम नेशनल रोवर-रेंजर जम्बूरी में जिले की यह सक्रिय सहभागिता न केवल बालिकाओं के सशक्तिकरण का सशक्त उदाहरण है, बल्कि आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत भी बनेगी।
- कु. श्वेता जायसवाल, डीओसी गाइड









