कोरबा में 12वीं के छात्र ने लगाई फांसी, पंखे से लटका मिला शव; सुसाइड नोट में मेडिकल कॉलेज को देहदान की इच्छा

कोरबा के सिविल लाइन थाना क्षेत्र अंतर्गत रामपुर आईटीआई बस्ती में 12वीं कक्षा के एक छात्र ने घर के भीतर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। घटनास्थल से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है, जिसमें छात्र ने मृत्यु के बाद अपना शव मेडिकल कॉलेज को दान करने की इच्छा जताई है।
मिली जानकारी के अनुसार 17 वर्षीय उज्जवल डनसेना, एसईसीएल डीएवी पब्लिक स्कूल का छात्र था और 12वीं कॉमर्स का क्लास मॉनिटर भी था। बुधवार को सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक उसका फिजिकल एजुकेशन का पेपर सेंट जेवियर स्कूल में आयोजित था, लेकिन वह परीक्षा देने नहीं पहुंचा। परीक्षा में अनुपस्थित रहने पर स्कूल के कुछ शिक्षक उसके घर पहुंचे।

बताया गया कि घर का दरवाजा अंदर से बंद था और अंदर तेज आवाज में टीवी व गाने चल रहे थे। शिक्षकों ने खिड़की से झांककर देखा तो छात्र का शव पंखे से लटका दिखाई दिया। इसके बाद तत्काल पुलिस को सूचना दी गई।
सूचना पर सिविल लाइन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दरवाजा खुलवाकर शव को नीचे उतरवाया। प्रारंभिक जांच के दौरान कमरे से अंग्रेजी में लिखा सुसाइड नोट बरामद किया गया।
कोरबा सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी ने बताया कि सुसाइड नोट में छात्र ने अपनी मौत के बाद शरीर को मेडिकल कॉलेज को दान करने की इच्छा व्यक्त की है। नोट की सामग्री और अन्य परिस्थितियों की जांच की जा रही है।
परिजनों के अनुसार उज्जवल के माता-पिता का पहले ही निधन हो चुका है। वह अपनी बहन डिंपी डनसेना और जीजा इंद्र के साथ रहता था। उसकी बहन एक स्कूल में शिक्षिका हैं। घटना के बाद परिवार और मोहल्ले में शोक का माहौल है।
पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और पूरे मामले की विस्तृत जांच जारी है।
अगर आप या आपके आसपास कोई व्यक्ति मानसिक तनाव से जूझ रहा है, तो नजदीकी परिजन, मित्र या काउंसलर से बात करना मददगार हो सकता है। जरूरत पड़ने पर स्थानीय हेल्पलाइन सेवाओं से भी संपर्क किया जा सकता है।




