कोरबा: गेवरा खदान में कोयला लिफ्टिंग को लेकर दो निजी कंपनियों में खूनी संघर्ष, कई कर्मचारी घायल

कोरबा। एशिया की सबसे बड़ी कोयला खदानों में शुमार एसईसीएल की गेवरा परियोजना एक बार फिर अशांत हो गई है। कोयला लिफ्टिंग के वर्चस्व को लेकर दो निजी कंपनियों के बीच हुई हिंसक झड़प से पूरे खदान क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया है। बीती रात हुए इस संघर्ष में कई कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार गेवरा खदान में कोयला लिफ्टिंग का कार्य कर रही के.के. एंटरप्राइजेज का लंबे समय से दबदबा रहा है। इसी को लेकर बीती रात केसीपीएल (KCPL) कंपनी के कर्मचारियों और के.के. एंटरप्राइजेज से जुड़े लोगों के बीच पहले तीखी बहस हुई, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में तब्दील हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों एवं पीड़ित पक्ष का आरोप है कि के.के. एंटरप्राइजेज से जुड़े कथित लोगों ने केसीपीएल कर्मचारियों पर लाठी-डंडों से जानलेवा हमला कर दिया। अचानक हुए हमले से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। कई कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें आनन-फानन में नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां कुछ की हालत चिंताजनक बताई जा रही है।
घटना के बाद पीड़ित पक्ष ने दीपका थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है तथा आरोपियों की तलाश जारी है।
इस घटना ने खदान परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। गेवरा परियोजना में पदस्थ एसईसीएल के अधिकारी एवं कर्मचारी भी इस हिंसक माहौल के कारण खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए तो भविष्य में हालात और बिगड़ सकते हैं।




