उज्ज्वला योजना से आसान हुई चंपा की रसोई, धुएं और लकड़ी की परेशानी से मिली राहत

अंबिकापुर, 28 सितम्बर। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत मिले रसोई गैस कनेक्शन ने सरगुजा जिले के अम्बिकापुर विकासखंड के ग्राम पंचायत सकोला निवासी चंपा पात्र की रोजमर्रा की जिंदगी को आसान बना दिया है। पहले लकड़ी के चूल्हे पर खाना बनाने के दौरान उन्हें गीली लकड़ी, धुएं और चूल्हा जलाने में लगने वाले अतिरिक्त समय की परेशानी का सामना करना पड़ता था। अब गैस पर कम समय में भोजन तैयार होने से उन्हें बच्चों को स्कूल भेजने और समय पर काम पर जाने में सहूलियत हो रही है।
चंपा ने सेवा संकल्प अभियान के तहत अपनी ‘सेवा की कहानी’ साझा करते हुए बताया कि पहले परिवार का भोजन लकड़ी के चूल्हे पर बनता था। बारिश के दिनों में लकड़ी गीली हो जाने के कारण चूल्हा जलाना मुश्किल हो जाता था। आग सुलगाने के लिए बार-बार फूंकना पड़ता था और धुएं से आंखों में आंसू आने लगते थे। खाना तैयार करने में भी काफी समय लग जाता था।
उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन मिलने के बाद उनकी रसोई का काम काफी आसान हो गया है। अब गैस चालू करते ही खाना बनाना शुरू किया जा सकता है। इससे चूल्हा जलाने में लगने वाला समय बचने के साथ लकड़ी और धुएं की परेशानी भी कम हुई है।
चंपा के मुताबिक, सुबह बच्चों को स्कूल भेजने के लिए भोजन तैयार करना हो या स्वयं समय पर काम पर जाना हो, गैस की वजह से रसोई का काम जल्दी पूरा हो जाता है। अचानक मेहमान आने पर भी अब लकड़ी जुटाने और चूल्हा जलाने में समय नहीं लगाना पड़ता। जरूरत के मुताबिक तुरंत खाना तैयार किया जा सकता है।
चंपा ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना से मिली सुविधा के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार जताया। उनका कहना है कि गैस कनेक्शन से न केवल खाना बनाना आसान हुआ है, बल्कि समय की बचत होने से परिवार और अन्य जरूरी कामों के लिए भी समय मिल पा रहा है।
चंपा की कहानी बताती है कि रसोई गैस की सुविधा ने उनके परिवार की दैनिक दिनचर्या को सरल बनाने में मदद की है। लकड़ी के चूल्हे और धुएं से राहत के साथ कम समय में भोजन तैयार होने से उनके लिए सुबह की भागदौड़ भी पहले की तुलना में आसान हुई है।




